कार्डियोलॉजी, एंडोक्राइनोलॉजी, कैंसर चिकित्सा, बाल रोग और फेफड़ों के उपचार में मिली अंतरराष्ट्रीय पहचान
निदेशक प्रो. विवेक लाल बोले—यह सम्मान संस्थान की उत्कृष्टता, नवाचार और रोगी-केंद्रित चिकित्सा सेवाओं के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण
बाबूगिरी न्यूज़
चंडीगढ़, 26 अक्टूबर। पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (पीजीआईएमईआर), चंडीगढ़ ने चिकित्सा सेवाओं के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय पत्रिका Newsweek ने वैश्विक डेटा इंटेलिजेंस फर्म Statista के सहयोग से जारी ‘विश्व के सर्वश्रेष्ठ विशिष्ट अस्पताल-2027’ की सूची में पीजीआईएमईआर को शामिल किया है। संस्थान को पांच प्रमुख चिकित्सा विशेषज्ञताओं में वैश्विक स्तर पर पहचान मिली है। यह उपलब्धि पीजीआईएमईआर की विशिष्ट चिकित्सा सेवाओं, अनुसंधान और गुणवत्तापूर्ण रोगी देखभाल के प्रति प्रतिबद्धता को रेखांकित करती है।
पीजीआईएमईआर को जिन पांच चिकित्सा क्षेत्रों में अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली है, उनमें कार्डियोलॉजी यानी हृदय रोग, एंडोक्राइनोलॉजी यानी अंतःस्रावी एवं हार्मोन संबंधी रोग, ऑन्कोलॉजी यानी कैंसर चिकित्सा, पीडियाट्रिक्स यानी बाल रोग तथा पल्मोनोलॉजी यानी फेफड़ों एवं श्वसन संबंधी रोग शामिल हैं। इन क्षेत्रों में संस्थान की उपस्थिति से गंभीर और जटिल बीमारियों के उपचार के लिए विकसित की गई विशेषज्ञता का पता चलता है।

संकाय सदस्यों और स्वास्थ्यकर्मियों के सामूहिक प्रयासों का परिणाम
इस अंतरराष्ट्रीय सम्मान पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए पीजीआईएमईआर के निदेशक प्रो. विवेक लाल ने कहा कि यह वैश्विक पहचान संस्थान के लिए गर्व का विषय है। यह उच्चतम मानकों वाली विशिष्ट स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के संकल्प को और मजबूत करती है।
उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि संस्थान के संकाय सदस्यों, रेजिडेंट डॉक्टरों, नर्सिंग पेशेवरों, तकनीकी टीमों और सहयोगी कर्मचारियों के सामूहिक समर्पण का परिणाम है। यहां चिकित्सा विशेषज्ञता को संवेदनशीलता और रोगी-केंद्रित देखभाल के साथ जोड़ने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
प्रो. लाल के अनुसार, स्वास्थ्य सेवाओं में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए केवल आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि नवाचार, अनुसंधान, सुलभता और संवेदनशीलता का समन्वय भी जरूरी है। यह सम्मान संस्थान को रोगी देखभाल और चिकित्सा शिक्षा के स्तर में निरंतर सुधार करने तथा देश की स्वास्थ्य व्यवस्था में अपने योगदान को और मजबूत बनाने के लिए प्रेरित करेगा।
प्रतिष्ठा से लेकर मरीजों के उपचार परिणामों तक का मूल्यांकन
Newsweek और Statista की ओर से जारी ‘विश्व के सर्वश्रेष्ठ विशिष्ट अस्पताल’ रैंकिंग का यह सातवां संस्करण है। इसमें प्रमुख चिकित्सा विशेषज्ञताओं के आधार पर अस्पतालों का मूल्यांकन किया जाता है। इसके लिए अस्पतालों की प्रतिष्ठा, मान्यता एवं प्रत्यायन और मरीजों के उपचार अनुभवों तथा स्वास्थ्य परिणामों से जुड़े मानकों को ध्यान में रखा जाता है।
मूल्यांकन में पेशेंट-रिपोर्टेड आउटकम मेजर्स (PROMs) के क्रियान्वयन को भी महत्व दिया जाता है। इसके अंतर्गत मरीज स्वयं अपने स्वास्थ्य, उपचार और उपचार के बाद सामने आए परिणामों से संबंधित जानकारी देते हैं। इससे चिकित्सा सेवाओं की गुणवत्ता को मरीजों के दृष्टिकोण से समझने में मदद मिलती है।
इस तरह की रैंकिंग में अस्पतालों की पहचान केवल उनके बुनियादी ढांचे या चिकित्सकीय विशेषज्ञता तक सीमित नहीं रहती, बल्कि मरीजों को मिलने वाली देखभाल और उपचार के परिणामों से जुड़े पहलुओं पर भी ध्यान दिया जाता है। पीजीआईएमईआर का पांच विशिष्ट क्षेत्रों में शामिल होना संस्थान की चिकित्सा सेवाओं के व्यापक दायरे को दर्शाता है।
चिकित्सा शिक्षा और अनुसंधान में भी अहम भूमिका
पीजीआईएमईआर देश के प्रमुख चिकित्सा शिक्षा, अनुसंधान और तृतीयक स्वास्थ्य सेवा संस्थानों में शामिल है। यहां देश के विभिन्न राज्यों से मरीज जटिल और गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए पहुंचते हैं। संस्थान में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीमों, अनुसंधान आधारित उपचार पद्धतियों और शैक्षणिक गतिविधियों के माध्यम से चिकित्सा सेवाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया जाता है।
संस्थान की चिकित्सा व्यवस्था में विभिन्न विशेषज्ञताओं के बीच समन्वय महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। हृदय रोग, हार्मोन संबंधी विकार, कैंसर, बच्चों की बीमारियों और श्वसन संबंधी समस्याओं के उपचार में विशेषज्ञ डॉक्टरों, शोधकर्ताओं और अन्य स्वास्थ्य पेशेवरों का सहयोग मरीजों की जरूरतों के अनुरूप उपचार उपलब्ध कराने में सहायक होता है।
पांच प्रमुख चिकित्सा क्षेत्रों में मिली पहचान इस बात को भी रेखांकित करती है कि आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं में उपचार, अनुसंधान और चिकित्सा शिक्षा को एक साथ आगे बढ़ाना कितना महत्वपूर्ण है।
मरीजों के बेहतर स्वास्थ्य परिणामों पर रहेगा जोर
पीजीआईएमईआर के लिए यह उपलब्धि केवल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान नहीं है, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को लगातार बेहतर बनाने की जिम्मेदारी भी है। संस्थान का लक्ष्य नैदानिक सेवाओं को और मजबूत करना, चिकित्सा अनुसंधान का विस्तार करना तथा नई तकनीकों और उपचार पद्धतियों को प्रोत्साहित करना है।
इसके साथ ही साक्ष्य-आधारित चिकित्सा और संवेदनशील रोगी देखभाल को बढ़ावा देने पर भी जोर रहेगा, ताकि चिकित्सा क्षेत्र में होने वाली प्रगति का लाभ मरीजों और उनके परिवारों तक पहुंच सके। संस्थान की ओर से गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी और सुलभ बनाने के प्रयास जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई गई है।
वर्ष 1962 में स्थापित पीजीआईएमईआर, चंडीगढ़, चिकित्सा शिक्षा, अनुसंधान और विशिष्ट स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। संस्थान ‘उत्कृष्टता, संवेदनशीलता और समानता’ के मूल्यों के अनुरूप रोगी देखभाल, चिकित्सा शिक्षा और जैव-चिकित्सा अनुसंधान में लगातार बेहतर प्रदर्शन करने के लक्ष्य के साथ कार्य कर रहा है।
Newsweek की वर्ष 2027 की सूची में पांच प्रमुख चिकित्सा विशेषज्ञताओं के अंतर्गत मिली यह पहचान पीजीआईएमईआर चंडीगढ़ के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इससे संस्थान की विशिष्ट चिकित्सा सेवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है और मरीजों के बेहतर उपचार परिणामों की दिशा में उसके प्रयासों का महत्व भी सामने आया है।













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