बैंक प्रकरण की निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध जांच जरूरी: सैलजा
-भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए मजबूत संस्थागत सुधार लागू करे
बाबूगिरी ब्यूरो
चंडीगढ़, 21 अप्रैल। सिरसा की सांसद, पूर्व केंद्रीय मंत्री, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव एवं कुमारी सैलजा ने हरियाणा में सामने आए कथित 590 करोड़ के आईडीएफसी बैंक प्रकरण पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल आर्थिक अनियमितता तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे प्रशासनिक तंत्र की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है।
कुमारी सैलजा ने कहा कि जब केंद्रीय जांच ब्यूरो जैसी एजेंसी स्वयं अदालत में प्रणालीगत विफलता की बात रखती है, तो यह संकेत है कि निगरानी और जवाबदेही की व्यवस्था में कहीं न कहीं गंभीर कमी रही है। उन्होंने कहा कि जनता की गाढ़ी कमाई से संचालित सरकारी धन के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण में केवल औपचारिक कार्रवाई पर्याप्त नहीं होगी, बल्कि इसकी निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध जांच जरूरी है ताकि सच्चाई पूरी तरह सामने आ सके। सरकार को चाहिए कि वह बिना किसी दबाव या पक्षपात के दोषियों की पहचान करे और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए मजबूत संस्थागत सुधार लागू करे।
कुमारी सैलजा ने कहा कि जनता का विश्वास बनाए रखना किसी भी सरकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी होती है और ऐसे मामलों में देरी या चुप्पी उस विश्वास को कमजोर करती है। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा किसी एक दल का नहीं, बल्कि हरियाणा की जनता के अधिकारों और उनके संसाधनों की सुरक्षा से जुड़ा है, इसलिए इस मामले में पूर्ण पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए।












Total Users : 302207
Total views : 509401