UHBVN की सौर ऊर्जा प्रोत्साहन योजना में बिजली बिल के जरिए होगी ऋण राशि की समायोजन, गैर-बकायादार उपभोक्ताओं को भी मिलेगा लाभ
बाबूगिरी हिंदी न्यूज़
पंचकूला, 20 सितंबर। हरियाणा में सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने और सरकारी कर्मचारियों को सोलर पैनल लगवाने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (UHBVN) की ओर से सौर ऊर्जा प्रोत्साहन योजना का लाभ दिया जा रहा है। योजना के तहत पात्र सरकारी कर्मचारियों और निर्धारित शर्तों को पूरा करने वाले अनुबंधित कर्मचारियों को 5 किलोवाट तक का सोलर पैनल लगवाने के लिए ब्याज मुक्त आर्थिक सहायता/ऋण उपलब्ध कराया जाएगा।
पंचकूला सब-अर्बन क्षेत्र के AEE/SDO नीलांशु दुबे की ओर से उपभोक्ताओं को इस योजना की जानकारी देते हुए बताया गया है कि पात्र उपभोक्ता निर्धारित प्रक्रिया के तहत योजना का लाभ उठा सकते हैं। योजना में निगम द्वारा उपलब्ध कराया जाने वाला ब्याज मुक्त ऋण बाद में बिजली के बिल के माध्यम से समायोजित किया जाएगा।

सरकारी और HKRN कर्मचारियों के लिए विशेष प्रावधान
योजना के तहत ऐसे हरियाणा सरकार के सरकारी कर्मचारी तथा हरियाणा कौशल रोजगार निगम (HKRN) के अनुबंधित कर्मचारी, जो निर्धारित पात्रता पूरी करते हैं, सोलर पैनल लगवाने के लिए वित्तीय सहायता प्राप्त कर सकते हैं।
HKRN कर्मचारियों के मामले में यह सुविधा केवल जॉब सिक्योरिटी वाले अनुबंधित कर्मचारियों के लिए बताई गई है। आवेदनकर्ता के पास अपनी HRMS/HKRN ID होना आवश्यक है।
इसके अलावा पात्र कर्मचारी के बिजली कनेक्शन पर पिछले बिजली बिल तक कोई बकाया नहीं होना चाहिए। यानी योजना का लाभ लेने के लिए बिजली बिल की अदायगी निर्धारित शर्तों के अनुसार नियमित होना जरूरी है।
1 किलोवाट से 5 किलोवाट तक पैनल पर सहायता
योजना में सोलर पैनल की क्षमता के आधार पर अनुमानित कुल लागत, उपभोक्ता का शुरुआती योगदान, केंद्र सरकार की वित्तीय सहायता और निगम द्वारा दिए जाने वाले ब्याज मुक्त ऋण का प्रावधान किया गया है।

सोलर क्षमता
अनुमानित कुल लागत
शुरुआत में उपभोक्ता द्वारा 10% राशि
केंद्र सरकार की वित्तीय सहायता
निगम का ब्याज मुक्त ऋण
अतिरिक्त खर्च
1 किलोवाट
₹55,000
₹5,500
₹30,000
₹19,500
₹0
2 किलोवाट
₹1,10,000
₹11,000
₹60,000
₹39,000
₹0
3 किलोवाट
₹1,65,000
₹16,500
₹78,000
₹58,500
₹12,000
4 किलोवाट
₹2,20,000
₹22,000
₹78,000
₹78,000
₹42,000
5 किलोवाट
₹2,75,000
₹27,500
₹78,000
₹97,500
₹72,000
1 और 2 किलोवाट क्षमता पर अतिरिक्त खर्च नहीं
योजना के उपलब्ध विवरण के अनुसार 1 किलोवाट के सोलर पैनल की अनुमानित लागत ₹55,000 है। इसमें उपभोक्ता को शुरुआत में ₹5,500 यानी कुल लागत का 10 प्रतिशत देना होगा। केंद्र सरकार की ओर से ₹30,000 की वित्तीय सहायता और निगम की ओर से ₹19,500 का ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। इस क्षमता पर अतिरिक्त खर्च शून्य बताया गया है।
इसी तरह 2 किलोवाट के पैनल की अनुमानित लागत ₹1.10 लाख है। उपभोक्ता को शुरुआत में ₹11,000 देना होगा, जबकि ₹60,000 केंद्र सरकार की सहायता और ₹39,000 निगम के ब्याज मुक्त ऋण के रूप में उपलब्ध होंगे। इस क्षमता पर भी अतिरिक्त खर्च शून्य बताया गया है।
3 से 5 किलोवाट पर अतिरिक्त राशि देनी होगी
3 किलोवाट क्षमता के लिए अनुमानित लागत ₹1.65 लाख है। इसमें उपभोक्ता को ₹16,500 प्रारंभिक राशि देनी होगी। केंद्र सरकार की सहायता ₹78,000 और निगम का ब्याज मुक्त ऋण ₹58,500 होगा। इसके अलावा ₹12,000 का अतिरिक्त खर्च उपभोक्ता को वेंडर को देना होगा।
4 किलोवाट क्षमता के लिए कुल अनुमानित लागत ₹2.20 लाख है। इसमें उपभोक्ता का शुरुआती योगदान ₹22,000, केंद्र सरकार की सहायता ₹78,000 और निगम का ब्याज मुक्त ऋण ₹78,000 होगा। इस स्थिति में ₹42,000 अतिरिक्त खर्च वेंडर को देना होगा।
वहीं 5 किलोवाट क्षमता के सोलर पैनल की अनुमानित लागत ₹2.75 लाख है। इसमें उपभोक्ता को शुरुआत में ₹27,500 देना होगा। केंद्र सरकार की वित्तीय सहायता ₹78,000 और निगम की ओर से ₹97,500 का ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त ₹72,000 की राशि उपभोक्ता को वेंडर को देनी होगी।
बिजली बिल में समायोजित होगा ब्याज मुक्त ऋण
योजना की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह है कि निगम द्वारा उपलब्ध कराया जाने वाला ऋण ब्याज मुक्त होगा। इस ऋण की राशि को उपभोक्ता के बिजली बिल के माध्यम से समय-समय पर समायोजित किया जाएगा। इससे पात्र उपभोक्ताओं को सोलर पैनल की पूरी लागत एकमुश्त वहन करने के बजाय निर्धारित व्यवस्था के तहत भुगतान करने की सुविधा मिलेगी।
नियमित बिजली बिल भरने वाले अन्य उपभोक्ता भी पात्र
योजना का एक अन्य प्रावधान गैर-बकायादार उपभोक्ताओं के लिए है। इसके तहत ऐसे आवेदनकर्ता, जिन्होंने 1 अप्रैल 2022 से 31 मार्च 2025 के बीच बिजली के बिल का भुगतान हमेशा समय पर किया है, वे भी हरियाणा सरकार की ओर से 5 किलोवाट तक का सोलर पैनल लगवाने के लिए वित्तीय सहायता प्राप्त कर सकते हैं।
इस श्रेणी में भी 1 से 5 किलोवाट तक के सोलर पैनल के लिए ऊपर दी गई लागत और वित्तीय सहायता की व्यवस्था लागू बताई गई है।
क्या है योजना का उद्देश्य?
सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के साथ-साथ इस योजना का उद्देश्य उपभोक्ताओं को पारंपरिक बिजली पर निर्भरता कम करने और अपने घरों/परिसरों में सौर ऊर्जा का इस्तेमाल बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करना है। सोलर पैनल लगने के बाद उपभोक्ता अपनी बिजली की जरूरत का एक हिस्सा सौर ऊर्जा से पूरा कर सकता है।
नजदीकी बिजली कार्यालय से लें जानकारी
पात्र सरकारी कर्मचारी, HKRN कर्मचारी तथा निर्धारित अवधि में नियमित बिजली बिल भरने वाले गैर-बकायादार उपभोक्ता योजना की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, वेंडर, दस्तावेज और अन्य शर्तों की विस्तृत जानकारी के लिए अपने निकटतम बिजली कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
पंचकूला सब-अर्बन क्षेत्र के उपभोक्ता योजना से संबंधित जानकारी के लिए संबंधित बिजली कार्यालय में संपर्क कर सकते हैं।















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