June 21, 2026 3:26 pm

June 21, 2026 3:26 pm

PANCHKULA: सरकारी स्कूलों में ड्यूटी के दौरान मोबाइल इस्तेमाल पर उठे सवाल

विजय बंसल ने मुख्य सचिव को भेजा ज्ञापन, दोषी शिक्षकों पर सख्त कार्रवाई की मांग
पिंजौर/कालका | शिवालिक विकास मंच के प्रदेशाध्यक्ष एवं हरियाणा कांग्रेस के पूर्व सचिव विजय बंसल एडवोकेट ने सरकारी स्कूलों में शिक्षकों द्वारा ड्यूटी समय में मोबाइल फोन के उपयोग को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने हरियाणा के मुख्य सचिव को ज्ञापन भेजकर इस मामले में कड़ी विभागीय कार्रवाई की मांग की है।

नियमों की सरेआम उड़ रही धज्जियां
बंसल ने आरोप लगाया कि पिंजौर और कालका क्षेत्र के कई सरकारी स्कूलों में अध्यापक, प्राध्यापक और कर्मचारी शिक्षा विभाग के नियमों का खुलेआम उल्लंघन कर रहे हैं। ड्यूटी के दौरान मोबाइल फोन चलाना, फोटो खींचना और वीडियो बनाना आम हो गया है, जिससे शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है।

2017 के आदेशों का नहीं हो रहा पालन
ज्ञापन में उन्होंने बताया कि हरियाणा माध्यमिक शिक्षा विभाग ने वर्ष 2017 में स्पष्ट निर्देश जारी किए थे कि स्कूल समय में कोई भी शिक्षक या कर्मचारी मोबाइल फोन का उपयोग नहीं करेगा। इसके बावजूद इन आदेशों की अनदेखी की जा रही है।

छात्रों की पढ़ाई पर पड़ रहा नकारात्मक असर
बंसल ने कहा कि शिक्षकों के इस रवैये का सीधा असर छात्रों पर पड़ रहा है। जब शिक्षक पढ़ाने की बजाय मोबाइल में व्यस्त रहते हैं, तो बच्चों की पढ़ाई बाधित होती है और स्कूल का अनुशासन भी कमजोर पड़ता है।

बसोला स्कूल का मामला बना उदाहरण
उन्होंने बताया कि हाल ही में पिंजौर ब्लॉक के गांव बसोला स्थित राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल में एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने खुद शिक्षकों को मोबाइल फोन का उपयोग करते और वीडियो बनाते हुए देखा। उन्होंने दावा किया कि इस संबंध में उनके पास वीडियो प्रमाण भी मौजूद हैं।

पहले भी मिल चुकी हैं कई शिकायतें
बंसल के अनुसार, इस तरह की शिकायतें पहले भी सामने आती रही हैं। कई स्कूल प्रिंसिपलों ने शिक्षा विभाग को इस बारे में अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।

गहन जांच और सख्त कार्रवाई की मांग
विजय बंसल ने मुख्य सचिव से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करवाई जाए और नियमों का उल्लंघन करने वाले शिक्षकों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
सरकारी स्कूलों में अनुशासन और शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए नियमों का पालन बेहद जरूरी है। यदि इस तरह की लापरवाही पर समय रहते रोक नहीं लगी, तो इसका असर आने वाली पीढ़ी की शिक्षा पर गंभीर रूप से पड़ सकता है।

बाबूगिरी हिंदी ब्यूरो
Author: बाबूगिरी हिंदी ब्यूरो

बाबूगिरी हिंदी

virender chahal

Our Visitor

3 4 9 0 9 6
Total Users : 349096
Total views : 576385

शहर चुनें