August 5, 2026 7:48 am

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CHANDIGARH: पंजाब यूनिवर्सिटी ज्योति मौत मामला: एक्सईएन समेत दो एसडीई सस्पेंड, करंट हादसे में लापरवाही पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई

बाबूगिरी हिंदी ब्यूरो
चंडीगढ़, 29 जुलाई। पंजाब यूनिवर्सिटी में माइक्रोबायोलॉजी विभाग की पीएचडी स्कॉलर ज्योति की करंट लगने से हुई दर्दनाक मौत के मामले में विश्वविद्यालय प्रशासन ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है। प्रारंभिक जांच में विद्युत सुरक्षा और रखरखाव में गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद वाटर वर्क्स विभाग के एक्सईएन (इलेक्ट्रिकल) अनिल ठाकुर और दो एसडीई (इलेक्ट्रिकल), जिनमें लखविंदर सिंह धनोआ भी शामिल हैं, को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
28 जुलाई को पंजाब यूनिवर्सिटी परिसर में हॉस्टल नंबर-8 और यूआईईटी के बीच स्थित मार्ग पर करंट की चपेट में आने से शोधार्थी ज्योति की मौके पर ही मौत हो गई थी। इस हादसे के बाद पूरे परिसर में शोक की लहर दौड़ गई, जबकि छात्रों और विभिन्न छात्र संगठनों ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई और पूरे परिसर की विद्युत व्यवस्था की जांच की मांग उठाई थी।
छात्रों के बढ़ते विरोध और प्रारंभिक जांच रिपोर्ट के आधार पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करते हुए एक्सईएन अनिल ठाकुर और दो एसडीई को निलंबित कर दिया। साथ ही पूरे मामले की विस्तृत विभागीय जांच के आदेश भी जारी किए गए हैं, ताकि हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाकर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जा सके।
इससे पहले विश्वविद्यालय प्रशासन मृतक छात्रा के परिवार के लिए राहत पैकेज की घोषणा भी कर चुका है। कुलपति की स्वीकृति के बाद परिजनों को आर्थिक सहायता देने और परिवार के एक सदस्य को विश्वविद्यालय में नौकरी उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है। प्रशासन ने कहा है कि पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता प्रदान की जाएगी।
सूत्रों के अनुसार, निलंबित एक्सईएन अनिल ठाकुर पहले भी विभिन्न प्रशासनिक विवादों को लेकर चर्चा में रह चुके हैं। हालांकि, विश्वविद्यालय प्रशासन ने मौजूदा कार्रवाई को केवल इस हादसे की जांच से जुड़ा बताया है और उनके पुराने मामलों पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है।
उधर, छात्र संगठनों का कहना है कि केवल निलंबन से न्याय नहीं होगा। उन्होंने पूरे विश्वविद्यालय परिसर का स्वतंत्र विद्युत सुरक्षा ऑडिट कराने, जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कड़ी विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्थायी सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की है।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि परिसर में सभी विद्युत प्रतिष्ठानों, केबलों, स्ट्रीट लाइटों और खुले वायरिंग सिस्टम का व्यापक सुरक्षा निरीक्षण कराया जाएगा। जहां भी तकनीकी खामियां या सुरक्षा संबंधी कमियां पाई जाएंगी, उन्हें तत्काल दूर किया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

RAMESH GOYAT
Author: RAMESH GOYAT

With over 20 years of experience in Hindi journalism, Ramesh Goyat has served as District Bureau Chief in Kaithal and worked with the Haryana , Punjab , HP and UT Bureau in Chandigarh. Coming from a freedom fighter family, he is known for his fast, accurate, and credible reporting. Through Babugiri Hindi, he aims to deliver impartial and fact-based news to readers.

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