May 5, 2026 3:54 pm

May 5, 2026 3:54 pm

हरियाणा में नशे के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई: डॉ. सुमिता मिश्रा

वर्ष 2025 में एनडीपीएस के रिकॉर्ड 3,738 मामले दर्ज, 6,801 आरोपी गिरफ्तार
– 33 विदेशी नागरिक भी गिरफ्त में, अंतरराज्यीय व अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क पर कड़ा प्रहार
चंडीगढ़, 10 जनवरी। हरियाणा में नशीले पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे सख्त अभियान के तहत वर्ष 2025 में अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई सामने आई है। राज्य में एनडीपीएस अधिनियम के तहत रिकॉर्ड 3,738 एफआईआर दर्ज की गईं, जबकि 6,801 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। यह जानकारी गृह विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने दी।
डॉ. मिश्रा ने बताया कि वर्ष 2020 से 2025 के बीच हरियाणा में एनडीपीएस एक्ट के तहत कुल 20,519 मामले दर्ज हुए और 35,207 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। बीते छह वर्षों में लगातार तेज हुई कार्रवाई ने मादक पदार्थ तस्करों को स्पष्ट और कड़ा संदेश दिया है।

कई राज्यों व विदेशों तक फैला नेटवर्क
गिरफ्तार आरोपियों में सबसे अधिक उत्तर प्रदेश (169) के रहे, इसके बाद पंजाब (147), राजस्थान (64) और दिल्ली (45) के आरोपी शामिल हैं। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश, झारखंड, बिहार, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड और पूर्वोत्तर राज्यों के तस्कर भी पकड़े गए हैं।
विदेशी नागरिकों में 26 नाइजीरियाई, 6 नेपाली और 1 सेनेगल के नागरिक की गिरफ्तारी हुई है, जिससे अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क पर कार्रवाई की प्रभावशीलता सामने आई है।

वाणिज्यिक स्तर के मामलों में भी रिकॉर्ड
वर्ष 2025 में 457 वाणिज्यिक एनडीपीएस मामले दर्ज किए गए और 1,227 आरोपी गिरफ्तार हुए, जो पिछले छह वर्षों में सर्वाधिक हैं। कुल मिलाकर इस अवधि में 2,224 वाणिज्यिक एफआईआर और 5,824 गिरफ्तारियां हुईं।

भारी मात्रा में नशीले पदार्थ जब्त
पिछले छह वर्षों में सैकड़ों करोड़ रुपये मूल्य के मादक पदार्थ जब्त किए गए हैं। इनमें
55,701 किलोग्राम गांजा,
89,696 किलोग्राम पोस्त भूसा,
1,300 किलोग्राम चरस,
229 किलोग्राम हेरोइन शामिल हैं।
वर्ष 2025 में ही 55.84 किलोग्राम हेरोइन बरामद की गई, जो अब तक की उच्चतम वार्षिक बरामदगियों में से एक है। इसके अलावा अफीम, कोकीन और एमडी, एमडीए, एमडीएमए जैसे सिंथेटिक ड्रग्स भी जब्त किए गए।

फार्मास्यूटिकल ड्रग्स पर सख्ती
डॉ. मिश्रा ने बताया कि फार्मास्यूटिकल ड्रग्स एक गंभीर चुनौती बनकर उभरी हैं। वर्ष 2025 में ही 6.59 लाख से अधिक अवैध फार्मास्यूटिकल यूनिट बरामद की गईं, जबकि 2022 से 2025 के बीच कुल 58.44 लाख यूनिट जब्त की गईं।

तस्करों की संपत्तियों पर भी वार
वर्ष 2007 से 2025 के बीच 370 तस्करों की 67.01 करोड़ रुपये मूल्य की संपत्तियां फ्रीज व कुर्क की गईं। अकेले वर्ष 2025 में 143 व्यक्तियों की 13.59 करोड़ रुपये की संपत्तियां अटैच की गईं।

फास्ट ट्रैक अदालतें और सख्त कानून
राज्य में वर्तमान में 8 एनडीपीएस फास्ट ट्रैक व विशेष अदालतें कार्यरत हैं। इसके अलावा यमुनानगर, फरीदाबाद, गुरुग्राम और रोहतक में नई अदालतें खोलने का प्रस्ताव भेजा गया है।

जागरूकता पर भी जोर
डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि नशे के खिलाफ लड़ाई में जागरूकता सबसे मजबूत हथियार है। राज्य में 18,540 नशा विरोधी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनसे 28.46 लाख से अधिक लोग लाभान्वित हुए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि हरियाणा सरकार नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत प्रवर्तन, रोकथाम और जागरूकता—तीनों मोर्चों पर पूरी सख्ती से काम कर रही है।

बाबूगिरी हिंदी ब्यूरो
Author: बाबूगिरी हिंदी ब्यूरो

बाबूगिरी हिंदी

virender chahal

Our Visitor

3 1 0 8 2 4
Total Users : 310824
Total views : 522193

शहर चुनें