सिम कार्ड और दस्तावेजों के आतंकवादी गतिविधियों से जुड़े होने का झांसा देकर दी जा रही गिरफ्तारी की धमकी, फर्जी गिरफ्तारी आदेश भेजकर खातों में पैसे ट्रांसफर करवाने की कोशिश
बाबूगिरी न्यूज़
चंडीगढ़, 14 अक्टूबर। चंडीगढ़ पुलिस के नाम पर लोगों को फोन करके ठगी करने के मामले में एक नए तरीके का इस्तेमाल किए जाने की चेतावनी दी गई है। जालसाज विशेष रूप से बुजुर्ग नागरिकों को निशाना बना रहे हैं। ठग खुद को चंडीगढ़ पुलिस मुख्यालय का अधिकारी बताकर लोगों को डराते हैं और उनके मोबाइल सिम कार्ड या दस्तावेजों का संबंध जम्मू-कश्मीर में गिरफ्तार आतंकवादियों से होने का झूठा दावा करते हैं। इसके अलावा, लोगों को आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त होने की बात कहकर गिरफ्तारी का डर दिखाया जाता है।
चंडीगढ़ पुलिस की ओर से जारी जनहित सलाह के अनुसार, ठग लोगों को यह विश्वास दिलाने की कोशिश करते हैं कि उनके खिलाफ जांच चल रही है। इस दौरान वे व्हाट्सऐप पर गिरफ्तारी के फर्जी आदेश और अन्य दस्तावेज भेजकर पीड़ितों पर दबाव बनाते हैं। इसके बाद मामले की जांच और सत्यापन के नाम पर बताए गए बैंक खातों में पैसे जमा करवाने या हस्तांतरित करने के लिए कहा जाता है।
जालसाजों का मकसद लोगों को भयभीत करके जल्दबाजी में फैसला करवाना और उनकी मेहनत की कमाई ठगना है। पुलिस के नाम का इस्तेमाल किए जाने के कारण कई लोग घबराकर ठगों की बातों में आ सकते हैं। ऐसे में नागरिकों को सतर्क रहने और किसी भी अनजान कॉल पर आंख मूंदकर भरोसा नहीं करने की सलाह दी गई है।
गिरफ्तारी का डर दिखाकर बनाया जाता है दबाव
ठगी के इस तरीके में फोन करने वाला व्यक्ति खुद को पुलिस अधिकारी बताता है। वह पीड़ित को कहता है कि उसके मोबाइल नंबर, सिम कार्ड या पहचान संबंधी दस्तावेजों का इस्तेमाल किसी गंभीर अपराध में हुआ है। कुछ मामलों में जम्मू-कश्मीर में गिरफ्तार आतंकवादियों से संबंध होने का दावा करके लोगों को डराया जाता है।
इसके बाद कथित जांच का हवाला देकर पीड़ित को किसी से बात नहीं करने और तुरंत निर्देशों का पालन करने के लिए दबाव बनाया जा सकता है। ठग व्हाट्सऐप पर फर्जी गिरफ्तारी आदेश या अन्य दस्तावेज भेजकर अपनी बात को सही साबित करने की कोशिश करते हैं। फिर जांच में सहयोग करने, बैंक खातों के सत्यापन या गिरफ्तारी से बचने के नाम पर पैसे मांगे जाते हैं।
पुलिस के नाम पर फोन करने वाला कोई व्यक्ति यदि गिरफ्तारी से बचने या सत्यापन के नाम पर पैसे ट्रांसफर करने के लिए कहता है, तो सतर्क हो जाएं। किसी भी दबाव में आकर रकम भेजने से पहले संबंधित पुलिस थाने से संपर्क करके जानकारी की पुष्टि करें।
चंडीगढ़ पुलिस की नागरिकों को सलाह
चंडीगढ़ पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि ऐसी कॉल आने पर घबराएं नहीं और दबाव में आकर कोई कदम न उठाएं। पुलिस के नाम पर फोन करने वाले व्यक्ति की पहचान की पुष्टि किए बिना उसकी बातों पर भरोसा न करें।
पुलिस की ओर से जारी सलाह में कहा गया है कि नागरिक निम्नलिखित सावधानियां बरतें—
पैसे ट्रांसफर न करें: किसी भी प्रकार के सत्यापन या गिरफ्तारी से बचने के नाम पर किसी अनजान व्यक्ति के खाते में पैसे न भेजें।
गोपनीय जानकारी साझा न करें: किसी अनजान व्यक्ति को बैंक खाते का विवरण, ओटीपी या अन्य निजी जानकारी न दें।
संदिग्ध संदेशों से बचें: अनजान नंबरों से आए संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें और व्हाट्सऐप पर भेजे गए दस्तावेजों को बिना पुष्टि के सही न मानें।
पहचान की पुष्टि करें: खुद को चंडीगढ़ पुलिस का अधिकारी बताने वाले व्यक्ति की पहचान की पुष्टि नजदीकी पुलिस थाने से संपर्क करके या वहां जाकर करें।
परिवार से चर्चा करें: ऐसी कॉल आने पर तुरंत निर्णय लेने के बजाय परिवार के सदस्यों, विश्वसनीय मित्रों या परिचित पुलिसकर्मियों से सलाह लें।
घबराहट में फैसला न लें: गिरफ्तारी या गंभीर अपराध में फंसाने की धमकी मिलने पर भी बिना पुष्टि के कोई कदम न उठाएं।
ठगी होने पर तुरंत 1930 पर करें फोन
चंडीगढ़ पुलिस ने लोगों को आगाह किया है कि यदि कोई व्यक्ति इस तरह की ठगी का शिकार हो जाता है, तो उसे बिना देरी किए साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करना चाहिए। समय पर शिकायत करने से मामले की जांच और ठगी की रकम को आगे हस्तांतरित होने से रोकने के प्रयासों में मदद मिल सकती है।
नागरिकों से अपील की गई है कि वे इस चेतावनी को अपने परिवार और परिचितों तक पहुंचाएं, विशेष रूप से बुजुर्गों को इस तरह की ठगी के बारे में जागरूक करें। किसी भी संदिग्ध कॉल की जानकारी संबंधित पुलिस थाने को दें और पुलिस अधिकारी होने का दावा करने वाले अनजान व्यक्ति के कहने पर वित्तीय लेनदेन न करें।
सावधानी ही बचाव है। पुलिस के नाम पर डराकर पैसे मांगना ठगी का संकेत हो सकता है। किसी भी कार्रवाई से पहले संबंधित पुलिस थाने से संपर्क करके तथ्यों की पुष्टि अवश्य करें।












Total Users : 430117
Total views : 685754