June 10, 2026 12:48 pm

June 10, 2026 12:48 pm

HIMACHAL NEWS: चिकित्सा महाविद्यालयों के लिए सीनियर रेजिडेंटशिप पॉलिसी बनेगी: मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू

एमडी-एमएस के नए विषय शुरू करने, रोगी मित्र और हाईटेक आईसीयू की घोषणा

अनिल कुमार शर्मा
शिमला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने स्वास्थ्य शिक्षा एवं स्वास्थ्य विभाग की उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रदेश के सभी चिकित्सा महाविद्यालयों के लिए एक समान सीनियर रेजिडेंटशिप पॉलिसी बनाई जाएगी। इस नीति के तहत सीनियर रेजिडेंट के पदों का युक्तिकरण किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि सीनियर रेजिडेंटशिप में जीडीओ (जनरल ड्यूटी ऑफिसर) का कोटा 66 प्रतिशत किया जाएगा, जबकि वर्तमान में यह अनुपात जीडीओ और सीधी भर्ती के बीच 50-50 है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चिकित्सा महाविद्यालय चंबा, नाहन, हमीरपुर और नेरचौक में नए विषयों में एमडी और एमएस की पढ़ाई शुरू की जाएगी। इससे प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं की आधारभूत संरचना और अधिक सुदृढ़ होगी।
उन्होंने कहा कि जो डीएम और एमसीएच सुपरस्पेशलिस्ट हैं, उन्हें चिकित्सा महाविद्यालयों में नियुक्ति प्रदान की जाएगी। इसके साथ ही सभी मेडिकल कॉलेजों में उच्च तकनीक से लैस स्टेट-ऑफ-द-आर्ट आईसीयू स्थापित किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि स्वास्थ्य विभाग में 1000 रोगी मित्र नियुक्त किए जाएंगे, जिनमें से 500 चिकित्सा महाविद्यालयों और 500 अन्य स्वास्थ्य संस्थानों में तैनात होंगे। इस योजना का पायलट प्रोजेक्ट हमीरपुर जिले से शुरू किया जाएगा। रोगी मित्रों की कार्यप्रणाली के लिए विभाग द्वारा मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) भी तैयार की गई है।
पायलट प्रोजेक्ट के पहले चरण में रोगी मित्रों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में तैनात किया जाएगा। इसके अलावा चमियाणा अस्पताल, चिकित्सा महाविद्यालय टांडा और आईजीएमसी शिमला में भी पायलट आधार पर 70 वर्ष से अधिक आयु के मरीजों की सहायता के लिए रोगी मित्र नियुक्त किए जाएंगे। इन संस्थानों में रोगी मित्र काउंटर भी स्थापित होंगे।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि चिकित्सा महाविद्यालयों की विभिन्न ओपीडी में मरीजों से संबंधित डेटा दर्ज करने के लिए डाटा एंट्री ऑपरेटर तैनात किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार स्वास्थ्य शिक्षा को सशक्त करने के लिए नवोन्मेषी उपायों और दीर्घकालिक योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू कर रही है, ताकि हिमाचल प्रदेश इस क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो सके।
बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार (नवीनीकरण, डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस) गोकुल बुटेल, सचिव स्वास्थ्य प्रियंका बासु इंगटी, विशेष सचिव स्वास्थ्य अश्वनी शर्मा एवं जितेंद्र सांजटा, निदेशक स्वास्थ्य शिक्षा डॉ. राकेश शर्मा, निदेशक स्वास्थ्य गोपाल बेरी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

बाबूगिरी हिंदी ब्यूरो
Author: बाबूगिरी हिंदी ब्यूरो

बाबूगिरी हिंदी

virender chahal

Our Visitor

3 3 8 8 3 3
Total Users : 338833
Total views : 561991

शहर चुनें